धर्म संस्कारहरुमा उपनयन (व्रतबंध) संस्कार दशम संस्कार हो l मनुष्य जीवनमा यस संकारको विशेष महत्व छ l यस संस्कारको अनंतर नै बालकको जीवनमा भौतिक तथा आध्यात्मिक उन्नतिको मार्ग प्रशस्त हुन्छ l यसै संस्कार अंतर्गत ‘वेदारंभ संस्कार’ पनि समावेश गरिएको छ l साथै यस संस्कारलाई 'यज्ञोपवित संस्कार' पनि भनिन्छ l यस संस्कारमा वटुकलाई गायत्री मंत्रको दीक्षा एवं यज्ञोपवित (जनै) धारण गराइन्छ l विशेषगरी आ-आफ्ना शाखाअनुसार वेदाध्ययन पनि गरिन्छ l यो संस्कार ब्राह्मण बालकको आठौं वर्षमा, क्षत्रिय बालकको एघारौं वर्षमा र वैश्य बालकको बार्हौं वर्षमा गरिन्छ l उपनयनको अर्थ हो ‘सन्निकट या नजिक लैजानु’ तर कसको नजिक लैजानु ? संभवत: आरंभमा यसको तात्पर्य थियो ‘आचार्यको नजिक’ (शिक्षणको लागि) लैजानु l हुनसक्छ यसको तात्पर्य नवशिष्यलाई विद्यार्थीपनको अवस्थासम्म पुर्याईदिनु l केही गृह्यसूत्रहरुमा यसको आभास पाइन्छ, यथा हिरण्यकेशि गृह्यसूत्रको अनुसार; तब गुरुले शिष्यबाट भानाउंछ “ म ब्रह्मसूत्रलाई प्राप्त भएको छु, मलाई यसको नजिक लैजानु, सविता देवताद्वारा प्रेरित मलाई ब्रह्मचारी हुन दिनुस् l
धर्म संस्कारहरुमा उपनयन (व्रतबंध) संस्कार दशम संस्कार हो l मनुष्य जीवनमा यस संकारको विशेष महत्व छ l यस संस्कारको अनंतर नै बालकको जीवनमा भौतिक तथा आध्यात्मिक उन्नतिको मार्ग प्रशस्त हुन्छ l यसै संस्कार अंतर्गत ‘वेदारंभ संस्कार’ पनि समावेश गरिएको छ l साथै यस संस्कारलाई 'यज्ञोपवित संस्कार' पनि भनिन्छ l यस संस्कारमा वटुकलाई गायत्री मंत्रको दीक्षा एवं यज्ञोपवित (जनै) धारण गराइन्छ l विशेषगरी आ-आफ्ना शाखाअनुसार वेदाध्ययन पनि गरिन्छ l यो संस्कार ब्राह्मण बालकको आठौं वर्षमा, क्षत्रिय बालकको एघारौं वर्षमा र वैश्य बालकको बार्हौं वर्षमा गरिन्छ l उपनयनको अर्थ हो ‘सन्निकट या नजिक लैजानु’ तर कसको नजिक लैजानु ? संभवत: आरंभमा यसको तात्पर्य थियो ‘आचार्यको नजिक’ (शिक्षणको लागि) लैजानु l हुनसक्छ यसको तात्पर्य नवशिष्यलाई विद्यार्थीपनको अवस्थासम्म पुर्याईदिनु l केही गृह्यसूत्रहरुमा यसको आभास पाइन्छ, यथा हिरण्यकेशि गृह्यसूत्रको अनुसार; तब गुरुले शिष्यबाट भानाउंछ “ म ब्रह्मसूत्रलाई प्राप्त भएको छु, मलाई यसको नजिक लैजानु, सविता देवताद्वारा प्रेरित मलाई ब्रह्मचारी हुन दिनुस् l
| समग्री | एकाइ | मूल्य/ एकाइ | रकम | आवाश्यक |
| अबिर ( २०० ग्राम ) (Dorlia Indian) | ५ प्याकेट | २० | १०० | |
| केसरी ( २०० ग्राम ) (Dorlia Indian) | ३ प्याकेट | २० | ६० | |
| सिन्दुर ( २०० ग्राम ) | २ प्याकेट | २५ | ५० | |
| जौ ( १००० ग्राम ) | ५ के जी | ९० | ४५०० | |
| कालो तिल ( १००० ग्राम ) | २ के जी | ३५० | ७०० | |
| सर्वो औषधि | ५ प्याकेट | १० | ५० | |
| साल धूप | २०० ग्राम | १०० | १०० | |
| अस्ट सुगन्ध ( २०० ग्राम ) | १ वटा | १०० | १०० | |
| श्रीखण्ड धुलो | १ वटा | १५० | १५० | |
| रक्त चन्दन | १ वटा | १५० | १५० | |
| सर्स्यु/रायो ( २०० ग्राम ) | १ प्याकेट | ५० | ५० | |
| कुमकुम ( २०० ग्राम ) | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| काँचो धागो | १ वटा | २५ | २५ | |
| कपुर | १०० ग्राम | २०० | २०० | |
| सिंगो सुपारी – ( २०० ग्राम ) | १ प्याकेट | ३०० | ३०० | |
| पन्चा रत्न | ५ प्याकेट | १० | ५० | |
| बाटेको धूप | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| सिन्के धूप | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| सप्तामात्रिका | ५ प्याकेट | १० | ५० | |
| कालो कपडा | १ मीटर | ७० | ७० | |
| रातो कपडा | २ मीटर | ७० | १४० | |
| सेतो कपडा | २ मीटर | ७० | १४० | |
| पहेलो कपडा | २ मीटर | ७० | १४० | |
| पन्चा पलव | १० पीस | ५ | ५० | |
| चडाउने मसला | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| जनै | ५० पीस | ५ | २५० | |
| खाने सख्खर ( २०० ग्राम ) | २०० ग्राम | ३० | ३० | |
| काठ को पिरका | १ वटा | ३०० | ३०० | |
| कालो छाता | १ वटा | ३५० | ३५० | |
| कालो जुत्ता | १ वटा | ७५० | ७५० | |
| फलामको हतियार | १ वटा | ५० | ५० | |
| कालो ओडनी | १ वटा | २५० | २५० | |
| घ्यु (१००० ग्राम) | १ वटा | ७०० | ७०० | |
| मह ( २०० ग्राम ) | १ वटा | २०० | २०० | |
| सौभाग्य | ५ प्याकेट | ५० | २५० | |
| सौभाग्य (धोति , चोलो, ओडने, पेटीकोट ,चपल | २ थान | १६०० | ३२०० | |
| शीर देखी पाउ समम) | ||||
| सिंगो नरिवल | २ के जी | ५०० | १००० | |
| जट्टा नरिवल | २ वटा | ५० | १०० | |
| काटेको बत्ति ५ हजार (५ सुते कपास को ) | ५ हजार | १०० | ५०० | |
| तिल को तेल लाख बत्ती भिजाऊन सहित | १ लीटर | ३०० | ३०० | |
| गोकुल धूप | २०० ग्राम | २५० | २५० | |
| लावा (२०० ग्राम ) | १ प्याकेट | १०० | २५० | |
| रेखी (५०० ग्राम) | १ प्याकेट | ७५ | ७५ | |
| धान (१००० ग्राम) | २ के जी | ७० | १४० | |
| गंगा जल -१ प्याकेट | १ प्याकेट | ३० | ३० | |
| गउत -१ प्याकेट | १ प्याकेट | ३० | ३० | |
| रक्षा धागो | २ वटा | २० | ४० | |
| टपरी | ५० पीस | ८ | ४०० | |
| दूना | ५० पीस | ३ | १५० | |
| बौता | ५० पीस | ५ | २५० | |
| पान को पात , तुलसी पत्र | २ वटा | ३० | ६० | |
| नौ थरी अन्न | १ प्याकेट | ७५ | ७५ | |
| नवग्रह समिधा | २ वटा | २५ | ५० | |
| डोरि (बाबीयो ) | २ वटा | १५० | ३०० | |
| जगे सजाउने समान ( धोजा पताका ) | १ सेट | ८०० | ८०० | |
| काँसवा चरेशको कचौरा | १ वटा | ४०० | ४०० | |
| पन्चरंगी धागो | १ वटा | २५ | २५ | |
| कुश | १ वटा | १०० | १०० | |
| मंडप को चडुआ | १ वटा | ६०० | ६०० | |
| अछता भिजाऊन रंग | १ प्याकेट | २५० | २५० | |
| समिदा | २० के जी | ५० | १००० | |
| हवन सामग्री | २ प्याकेट | २५० | ५०० | |
| फुल (पुजा गर्ने ) | १ प्याकेट | ५०० | ५०० | |
| माटो को कलस | ३० पीस | २० | ६०० | |
| इत्र | १ प्याकेट | ७० | ७० | |
| भस्म | १ प्याकेट | ५० | ५० | |
| पैऊ को लाठी (एक जाना लाई दुई वोटा ) | २ वटा | ४० | ८० | |
| दुम्सी को काडा (एक जाना लाई दुई वोटा ) | २ वटा | ५० | १०० | |
| पहेलो कपडाको भोटो,तल लगाउने कछाड,झोलि,टाउकोमा बाँध्ने टालो अनि जुटिकाका ( एक जाना बटुक लाइ लगाउने )* | १ सेट | ५०० | ५०० | |
| पहेलो कपडा ( एक जाना बटुक लाइ लगाउने )* | ५ मीटर | १०० | ५०० | |
| पहेलो धोती ( एक जाना बटुक लाइ लगाउने ) | १ वटा | ३५० | ३५० | |
| दोसला दोसला मंत्र दान को लगी ( एक जाना बटुक लाइ ) | १ वटा | ४५० | ४५० | |
| भिक्षा पात्र ( एक जाना बटुक लाइ ) | १ वटा | २०० | २०० | |
| मिर्ग चर्मा ( सानो टुक्रा मात्र) | १ वटा | ५०० | ५०० | |
| धनुष बाण | १ वटा | २५० | २५० | |
| काशको कचौरा (सानो साइज) ( एक जाना बटुक लाइ ) | ८ पीस | १०० | ८०० | |
| तामाको अष्ठकलाश | ८ पीस | ३०० | २४०० | |
| अष्ठकलाश बुट्टी | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| चरेशको थाल | १ वटा | १६०० | १६०० | |
| पंचपात्र आचमनं ( एक जाना बटुक लाइ ) | २ वटा | २५० | ५०० | |
| मुछ कन्दनी ( एक जाना बटुक लाइ ) | १ वटा | २०० | २०० | |
| कपाल काट्ने सुनको छुरा | १ वटा | २५० | २५० | |
| कपाल काट्ने मेशिन र बिलेड | १ वटा | १०० | १०० | |
| डालो सजाउने कपडा | १ वटा | ४५० | ४५० | |
| दक्षिणा राखन डालो | १ वटा | १५०० | १५०० | |
| भिख माग्ने डालो | १ वटा | ३७५ | ३७५ | |
| शुभ चूड़ाकर्म लेखकों फ्लैक्स | १ वटा | २५० | २५० | |
| ठेकी काठ को | २ वटा | १३०० | १३०० | |
| मंडप सजने सामान | १ सेट | ३०० | ३०० | |
| नबग्रह चक्र | १ वटा | १०० | १०० | |
| बुकुवा | १ प्याकेट | १०० | १०० | |
| माला | ५ पिस | ८० | ४०० | |
| पंडित जी को बस्त्र (धोती, टोपी, रुमाल, गन्जी | ३सेट | १६०० | ४८०० | |
| अथवा कमीज सूरवाल सेट ) ब्राम्हण बरणको निम्ति | ||||
| कुल रकम | ४१२५५ |
Start typing and press Enter to search